आप आये जैसे बहार आ गई, सावन की रिमझिम जैसे फुन्हार आ गई, मेरी बात पर अगर हंस दिए हुस्न-ए-आला मानो हंसो की एक कतार आ गई।

Create a poster for this message
Visits: 188
Download Our Android App